“संसद में महिला आरक्षण से जुड़े बिलों का विरोध कर विपक्ष ने देश की आधी आबादी से किया विश्वासघात”: सुरेश कश्यप – भारत केसरी टीवी

“संसद में महिला आरक्षण से जुड़े बिलों का विरोध कर विपक्ष ने देश की आधी आबादी से किया विश्वासघात”: सुरेश कश्यप

शिमला ब्यूरो सुभाष शर्मा।    20/04/2026

Advertisement

 

Advertisement

 

Advertisement

 

Advertisement

“संसद में महिला आरक्षण से जुड़े बिलों का विरोध कर विपक्ष ने देश की आधी आबादी से किया विश्वासघात”: सुरेश कश्यप

 

“अर्की के बातल में विकास कार्यों का लोकार्पण—बस स्टैंड और CSC से ग्रामीणों को मिलेगी बड़ी राहत”

 

अर्की/सोलन, 20 अप्रैल 2026:  सुभाष शर्मा

 

 

भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप ने अर्की विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत बातल में सांसद निधि से निर्मित नवनिर्मित बस स्टैंड एवं सार्वजनिक सेवा केंद्र (CSC) भवन का लोकार्पण किया। इस अवसर पर उन्होंने इन विकास कार्यों को जनता को समर्पित करते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे का सुदृढ़ीकरण भाजपा की प्राथमिकता है।

उन्होंने कहा कि नवनिर्मित बस स्टैंड से स्थानीय लोगों और यात्रियों को बेहतर सुविधा मिलेगी, वहीं सार्वजनिक सेवा केंद्र (CSC) के माध्यम से ग्रामीणों को डिजिटल सेवाएं और सरकारी योजनाओं का लाभ अपने क्षेत्र में ही सुलभ हो सकेगा।

कार्यक्रम में अर्की के पूर्व विधायक गोविंद राम शर्मा और सोलन जिला अध्यक्ष रत्न सिंह पाल विशेष रूप से उपस्थित रहे।

इस अवसर पर सांसद सुरेश कश्यप ने संसद में 16 और 17 अप्रैल को हुई कार्यवाही का उल्लेख करते हुए कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, टीएमसी और डीएमके पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि इन दलों ने महत्वपूर्ण संवैधानिक संशोधन विधेयकों और महिला भागीदारी से जुड़े मुद्दों का विरोध कर देश की आधी आबादी के साथ विश्वासघात किया है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्पष्ट किया है कि महिलाओं को नीति निर्माण में भागीदारी देना कोई उपकार नहीं, बल्कि उनका प्राकृतिक अधिकार है।

“जो दल इस ऐतिहासिक अवसर को रोक रहे हैं, उन्हें आने वाले चुनावों में देश की महिलाओं के आक्रोश का सामना करना पड़ेगा,” उन्होंने कहा।

सुरेश कश्यप ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में विपक्ष के झूठ को बेनकाब करते हुए स्पष्ट किया कि परिसीमन (Delimitation) से किसी भी राज्य को नुकसान नहीं होगा, बल्कि सभी क्षेत्रों का संतुलित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित होगा।

उन्होंने विपक्ष पर आरोप लगाया कि कुछ दल धार्मिक आधार पर आरक्षण जैसी असंवैधानिक मांगों को उठाकर इस प्रक्रिया को जानबूझकर भटकाने और देरी करने का प्रयास कर रहे हैं।

“यह केवल तुष्टिकरण और राजनीतिक स्वार्थ की राजनीति है,” उन्होंने कहा।

सांसद कश्यप ने कहा कि संसद में हुई चर्चा देश के लोकतांत्रिक भविष्य और महिलाओं की भागीदारी से जुड़ी एक ऐतिहासिक अवसर थी, लेकिन विपक्ष के रवैये ने यह स्पष्ट कर दिया कि वे महिलाओं को समान भागीदारी देने के पक्ष में नहीं हैं।

उन्होंने कहा कि

“यह केवल एक बिल का विरोध नहीं था, बल्कि देश की करोड़ों माताओं, बहनों और बेटियों की आकांक्षाओं पर चोट थी।”

उन्होंने कांग्रेस और उसके सहयोगियों पर आरोप लगाया कि उन्होंने दशकों तक महिलाओं को संसद और विधानसभाओं से दूर रखने की साजिश रची और अब जब भाजपा सरकार इसे लागू करना चाहती है, तो वे बाधाएं खड़ी कर रहे हैं।

अंत में सुरेश कश्यप ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी महिलाओं के सशक्तिकरण और लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और ऐसे “एंटी-वूमेन” ताकतों के खिलाफ मजबूती से संघर्ष करेगी, ताकि महिलाओं को उनका अधिकार और सम्मान मिल सके।

व्हाट्सप्प आइकान को दबा कर इस खबर को शेयर जरूर करें

विज्ञापन बॉक्स (विज्ञापन देने के लिए संपर्क करें)


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे
Donate Now
               
हमारे  नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट , और सभी खबरें डाउनलोड करें
डाउनलोड करें

जवाब जरूर दे 

2027 में कौन होगा हिमाचल का मुख्य मंत्री

View Results

Loading ... Loading ...


Related Articles

Close
Facebook Instagram Twitter Youtube Whatsapp
Website Design By Mytesta.com +91 8809666000