“हर योजना हर लाभार्थी तक” – राज्यपाल ने अधिकारियों को दिया सैचुरेशन अप्रोच अपनाने का संदेश – भारत केसरी टीवी

“हर योजना हर लाभार्थी तक” – राज्यपाल ने अधिकारियों को दिया सैचुरेशन अप्रोच अपनाने का संदेश

[MADAN SHARMA]

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जन-केंद्रित प्रशासन ही सुशासन की आधारशिला: राज्यपाल

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राज्यपाल Kavinder Gupta ने आज लोक भवन में Dr. Manmohan Singh Institute of Public Administration, शिमला में प्रशिक्षण ले रहे हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा (HAS) बैच 2025 के 15 प्रशिक्षु अधिकारियों से बातचीत की। उन्होंने अधिकारियों को अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते समय ईमानदारी, समर्पण और जनसेवा के उच्चतम मानकों को बनाए रखने के लिए प्रेरित किया।

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राज्यपाल ने कहा कि सिविल सेवक सुशासन को मजबूत करने और जनसेवाओं की प्रभावी डिलीवरी सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने अधिकारियों से पारदर्शिता, जवाबदेही और नैतिक आचरण बनाए रखने का आह्वान किया, खासकर दूरदराज और वंचित क्षेत्रों के लोगों के लिए जन-केंद्रित दृष्टिकोण अपनाने पर जोर दिया।

उन्होंने सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के महत्व पर प्रकाश डालते हुए ‘सैचुरेशन अप्रोच’ अपनाने की सलाह दी, ताकि हर पात्र लाभार्थी तक योजनाओं का लाभ पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों से परिवर्तन के वाहक बनने और सक्रिय व उत्तरदायी प्रशासन के माध्यम से लोगों के जीवन स्तर में सुधार लाने पर बल दिया।

राज्यपाल ने नवाचार, तकनीक आधारित शासन और निरंतर क्षमता निर्माण की आवश्यकता पर भी जोर दिया, ताकि उभरती चुनौतियों का सामना किया जा सके। उन्होंने नशा, जलवायु परिवर्तन और जैविक खेती को बढ़ावा देने जैसे मुद्दों पर जागरूकता और जमीनी स्तर पर ठोस समाधान अपनाने की बात कही।

उन्होंने हिमाचल प्रदेश की संभावनाओं का उल्लेख करते हुए कृषि, पर्यटन और सतत विकास जैसे क्षेत्रों में विकास को बढ़ावा देने के लिए युवा अधिकारियों को प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि लोगों की सिविल सेवकों से बड़ी अपेक्षाएं होती हैं, इसलिए टीमवर्क की भावना से कार्य करना जरूरी है।

राज्यपाल ने विकसित और आत्मनिर्भर भारत के दृष्टिकोण को रेखांकित करते हुए कहा कि युवा अधिकारी राज्य के भविष्य को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और समावेशी व सतत विकास सुनिश्चित कर सकते हैं। उन्होंने अधिकारियों को जमीनी हकीकत से जुड़े रहने और निर्णय लेते समय जनहित को सर्वोपरि रखने की सलाह दी।

राज्यपाल ने आशा व्यक्त की कि प्रशिक्षु अधिकारी ईमानदारी और समर्पण के साथ कार्य करेंगे, जिससे प्रशासनिक दक्षता और जनता का विश्वास मजबूत होगा।

उन्होंने अधिकारियों के उज्ज्वल और सफल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।

इस अवसर पर HIPA की निदेशक रूपाली ठाकुर ने प्रशिक्षण कार्यक्रम के बारे में जानकारी दी, जिसमें फील्ड विजिट, संस्थागत प्रशिक्षण और जमीनी अनुभव शामिल हैं। राज्यपाल के सचिव संदीप भारद्वाज और कोर्स निदेशक संदीप शर्मा भी उपस्थित रहे।

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