उपायुक्त अपूर्व देवगन की अध्यक्षता में जिला स्तरीय समितियों की बैठक आयोजित – भारत केसरी टीवी

उपायुक्त अपूर्व देवगन की अध्यक्षता में जिला स्तरीय समितियों की बैठक आयोजित

[ MADAN SHARMA]

Advertisement

*कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और नियमित निगरानी पर बल दिया*

Advertisement

 

मंडी, 10 अगस्त। उपायुक्त अपूर्व देवगन की अध्यक्षता में सोमवार को एकीकृत बाल विकास परियोजना की जिला स्तरीय निगरानी एवं समीक्षा समिति, जिला बाल संरक्षण समिति, जिला स्तरीय पोषण समिति तथा बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ से संबंधित जिला स्तरीय बैठकों का आयोजन किया गया। बैठकों में विभिन्न विभागीय योजनाओं एवं कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा की गई तथा इनके प्रभावी क्रियान्वयन, बेहतर अंतर-विभागीय समन्वय और नियमित निगरानी पर बल दिया गया।

 

उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक समयबद्ध रूप से पहुंचाना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को योजनाओं की नियमित निगरानी एवं समयबद्ध रिपोर्टिंग सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने विशेष रूप से इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना के तहत किसी भी पात्र लाभार्थी को योजना के लाभ से वंचित न रहने देने तथा पात्र लाभार्थियों को समय पर सहायता उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए।

 

*इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना के तहत 4.47 करोड़ रुपये के लाभ प्रदान*

 

बैठक में बताया गया कि वर्ष 2025-26 में विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत कुल 8.31 करोड़ रुपये व्यय कर 4,373 लाभार्थियों को लाभान्वित किया गया। इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना के तहत 4.47 करोड़ रुपये व्यय कर 3,132 लाभार्थियों को लाभान्वित किया गया। इसके अतिरिक्त मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के तहत 167, मुख्यमंत्री शगुन योजना के तहत 759, स्व-रोजगार योजना के तहत 59, बेटी है अनमोल योजना के तहत 232 तथा विधवा पुनर्विवाह योजना के तहत 24 लाभार्थियों को लाभ प्रदान किया गया।

 

बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 की प्रगति की भी समीक्षा की गई। बताया गया कि 31 जुलाई, 2026 तक इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना के अंतर्गत 1.85 करोड़ रुपये व्यय कर 3,049 लाभार्थियों को लाभान्वित किया जा चुका है। योजना के अंतर्गत उच्च शिक्षा एवं व्यावसायिक प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों की स्थिति की भी समीक्षा की गई।

 

*मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना में 678 लाभार्थियों को 78 लाख रुपए की सहायता*

 

जिला बाल संरक्षण समिति की बैठक में बच्चों की सुरक्षा, संरक्षण एवं कल्याण से जुड़े विभिन्न मामलों की समीक्षा की गई। मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना की प्रगति की जानकारी देते हुए बताया गया कि चालू वित्त वर्ष में योजना के अंतर्गत 678 पात्र लाभार्थियों को 78,19,125 रुपये की सहायता राशि प्रदान की जा चुकी है। उन्होंने शिक्षा विभाग को निर्देश दिए कि सभी पात्र विद्यार्थियों को इन योजनाओं का लाभ मिले ये सुनिश्चित किया जाए।

 

बैठक में बाल संरक्षण संस्थानों की कार्यप्रणाली, बच्चों की देखभाल एवं सुरक्षा व्यवस्था तथा जरूरतमंद बच्चों को समय पर सहायता एवं पुनर्वास सेवाएं उपलब्ध करवाने से संबंधित विषयों पर भी चर्चा की गई।

 

अपूर्व देवगन ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि देखभाल एवं संरक्षण की आवश्यकता वाले बच्चों के मामलों में संवेदनशीलता एवं तत्परता के साथ कार्य किया जाए तथा पात्र बच्चों को सरकार की विभिन्न योजनाओं का समयबद्ध लाभ सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने बाल संरक्षण संस्थानों, संबंधित विभागों एवं अन्य एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय और नियमित निगरानी पर जोर देते हुए कहा कि बच्चों को आवश्यक संरक्षण, शिक्षा, सहायता एवं पुनर्वास सेवाएं प्रभावी ढंग से उपलब्ध होनी चाहिए।

 

*पोषण सेवाओं की प्रभावी डिलीवरी पर जोर*

 

जिला स्तरीय पोषण समिति की बैठक में बच्चों, किशोरियों, गर्भवती एवं धात्री महिलाओं के पोषण स्तर में सुधार के लिए संचालित विभिन्न गतिविधियों की समीक्षा की गई। आंगनवाड़ी केंद्रों के माध्यम से पोषण सेवाओं की प्रभावी डिलीवरी, स्वास्थ्य जांच, पोषण जागरूकता तथा कुपोषण की रोकथाम पर विशेष जोर दिया गया।

 

उपायुक्त ने खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग तथा मिल्कफेड को आंगनवाड़ी केंद्रों तक निर्धारित पोषण सामग्री की समयबद्ध आपूर्ति एवं उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा, ताकि लाभार्थियों को पोषण संबंधी सेवाओं का लाभ बिना किसी विलंब के मिल सके। उन्होंने अधिकारियों को मिड डे मील का भी निरीक्षण करने को भी कहा।

 

*बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ 2.0 की गतिविधियों की समीक्षा*

 

बैठक में बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ एवं इसके 2.0 संस्करण के तहत बालिकाओं की शिक्षा, सुरक्षा एवं सशक्तिकरण से संबंधित विभिन्न गतिविधियों की भी समीक्षा की गई।

 

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ 2.0 के अंतर्गत बालिका जन्मोत्सव, ‘एक बूटा बेटी के नाम’, बालिकाओं का शत-प्रतिशत नामांकन, कैरियर काउंसलिंग, एक्सपोजर विजिट, किशोरी मेला तथा स्वास्थ्य एवं व्यक्तिगत स्वच्छता संबंधी जागरूकता गतिविधियों के प्रभावी क्रियान्वयन पर चर्चा की गई।

 

अपूर्व देवगन ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ-साथ अपने-अपने स्तर पर भी सक्रिय रूप से कार्य करने तथा निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध रूप से प्राप्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं एवं कार्यक्रमों का अधिकतम लाभ पात्र लाभार्थियों तक पहुंचाना सभी विभागों की प्राथमिकता होनी चाहिए।

 

बैठक का संचालन जिला कार्यक्रम अधिकारी अजय बदरेल ने किया। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु वर्मा ,जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ अरिंदम राय,जिला बाल संरक्षण अधिकारी एन. आर .ठाकुर सहित महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य, शिक्षा, पंचायती राज तथा अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

व्हाट्सप्प आइकान को दबा कर इस खबर को शेयर जरूर करें

विज्ञापन बॉक्स (विज्ञापन देने के लिए संपर्क करें)


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे
Donate Now
               
हमारे  नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट , और सभी खबरें डाउनलोड करें
डाउनलोड करें

जवाब जरूर दे 

2027 में कौन होगा हिमाचल का मुख्य मंत्री

View Results

Loading ... Loading ...


Related Articles

Close
Facebook Instagram Twitter Youtube Whatsapp
Website Design By Mytesta.com +91 8809666000