RDG मुद्दे पर भाजपा असमंजस में, स्पष्ट रुख बताने में विफल: मुख्यमंत्री सुक्खू – भारत केसरी टीवी

RDG मुद्दे पर भाजपा असमंजस में, स्पष्ट रुख बताने में विफल: मुख्यमंत्री सुक्खू

[ MADAN SHARMA]

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सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि Revenue Deficit Grant (RDG) के मुद्दे पर भाजपा नेता असमंजस में हैं और जनता के सामने अपना स्पष्ट रुख रखने में विफल रहे हैं। उन्होंने भाजपा द्वारा सर्वदलीय बैठक से बीच में उठकर जाने के कदम की कड़ी आलोचना की।

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मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में आज यहां सर्वदलीय बैठक आयोजित की गई, जिसमें 16वें वित्त आयोग की सिफारिशों में RDG को बंद किए जाने के संभावित प्रभावों पर चर्चा की गई।

बैठक के बाद मीडिया से बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि RDG को बंद किया जाना राज्य के लिए गंभीर चिंता का विषय है और इससे राज्य की अर्थव्यवस्था पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।

उन्होंने भाजपा पर बैठक से बीच में उठकर जाने का आरोप लगाते हुए इसे निंदनीय बताया। उन्होंने कहा कि भाजपा इस मुद्दे पर गंभीर नहीं थी और केवल राजनीतिकरण करने के लिए बैठक में आई थी, न कि राज्य के लोगों के हितों की रक्षा के लिए।

मुख्यमंत्री ने नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर का उल्लेख करते हुए कहा कि कांग्रेस के साथ-साथ CPI(M), आम आदमी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी ने प्रधानमंत्री से मिलकर RDG को बहाल करने की मांग उठाने की इच्छा जताई है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा राज्य के अधिकारों के लिए खड़ी होने को तैयार नहीं है और केवल जनदबाव के कारण बैठक में आई थी।

उन्होंने बताया कि पिछली भाजपा सरकार को अपने कार्यकाल में 54,000 करोड़ रुपये RDG और 16,000 करोड़ रुपये GST मुआवजा मिला था, जबकि वर्तमान राज्य सरकार को अब तक केवल 17,000 करोड़ रुपये RDG प्राप्त हुआ है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार वित्तीय अनुशासन के साथ राज्य को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में काम कर रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि RDG संविधान के अनुच्छेद 275(1) के तहत राज्यों का अधिकार है, जिसका उद्देश्य राजस्व और व्यय के बीच अंतर को पूरा करना है। यह व्यवस्था 1952 से लागू है।

उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नेताओं में दृढ़ रुख अपनाने का साहस नहीं है और वे राज्य के हित में खड़े नहीं हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह मुद्दा किसी एक सरकार का नहीं, बल्कि राज्य के लोगों के अधिकारों की रक्षा का है।

मुख्यमंत्री ने 2023 की आपदा का जिक्र करते हुए कहा कि जब राज्य सरकार ने केंद्र से विशेष पैकेज की मांग के लिए प्रस्ताव लाया, तब भी भाजपा सबसे पहले बैठक से बाहर चली गई थी।

संसदीय कार्य मंत्री हर्षवर्धन चौहान और कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता कुलदीप सिंह राठौर ने भी सर्वदलीय बैठक से भाजपा के वॉकआउट की आलोचना की।

बैठक में CPI(M), आम आदमी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी ने RDG के मुद्दे पर राज्य सरकार को बिना शर्त समर्थन दिया।

पूर्व विधायक राकेश सिंघा ने राज्य के लोगों की कठिनाइयों को समझते हुए सर्वसम्मति से राज्य के हितों की रक्षा करने पर जोर दिया।

आम आदमी पार्टी के प्रतिनिधि डॉ. राजेश चनाना ने कहा कि राज्य के पास सीमित संसाधन हैं और केंद्र से पर्याप्त वित्तीय सहायता जरूरी है।

बहुजन समाज पार्टी के प्रतिनिधि ने कहा कि राज्य को अपने अधिकारों के लिए एकजुट होकर आवाज उठानी चाहिए, क्योंकि COVID-19 और हाल की आपदाओं ने राज्य के संसाधनों पर भारी दबाव डाला है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकारें आती-जाती रहती हैं, लेकिन राज्य के लोगों के अधिकारों की रक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।

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