नगर निगम की वित्तीय स्वायत्तता पर कांग्रेस सरकार कर रही है कुठाराघात : कमलेश मेहता – भारत केसरी टीवी

नगर निगम की वित्तीय स्वायत्तता पर कांग्रेस सरकार कर रही है कुठाराघात : कमलेश मेहता

शिमला ब्यूरो सुभाष शर्मा।   07/07/2026

Advertisement

 

Advertisement

 

नगर निगम की वित्तीय स्वायत्तता पर कांग्रेस सरकार कर रही है कुठाराघात : कमलेश मेहता

नई पोर्टल व्यवस्था से जनता पर बढ़ रहा आर्थिक बोझ, नगर निगम को बनाया जा रहा सरकार का राजस्व संग्रह केंद्र : कमलेश मेहता

शिमला। भाजपा प्रदेश महिला मोर्चा सचिव एवं पार्षद कमलेश मेहता ने कहा कि कांग्रेस सरकार और नगर निगम शिमला की कार्यप्रणाली कई गंभीर प्रश्न खड़े कर रही है। नगर निगम की वित्तीय स्वायत्तता को कमजोर किया जा रहा है तथा नई पोर्टल प्रणाली के माध्यम से नगर निगम के राजस्व और जनता के हितों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर पारदर्शिता का अभाव दिखाई दे रहा है।

उन्होंने कहा कि नगर निगम के विभिन्न करों और शुल्कों के भुगतान के लिए पूर्व में निगम की अपनी व्यवस्था और पोर्टल उपलब्ध था, लेकिन अब नई पोर्टल प्रणाली लागू किए जाने के बाद यह स्पष्ट नहीं है कि नागरिकों से प्राप्त होने वाली राशि किस प्रकार संचालित की जा रही है, उसका लेखा-जोखा क्या है और धनराशि किस खाते अथवा फंड में स्थानांतरित की जा रही है। नगर निगम प्रशासन और राज्य सरकार को इस विषय पर सार्वजनिक रूप से स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।

कमलेश मेहता ने कहा कि नगर निगम को चलाने की जिम्मेदारी राज्य सरकार की भी होती है, लेकिन इसके विपरीत ऐसा प्रतीत हो रहा है कि नगर निगम के माध्यम से ही सरकार अपनी वित्तीय आवश्यकताओं की पूर्ति करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि यदि कूड़ा शुल्क, कर एवं अन्य भुगतान भी नई व्यवस्था के माध्यम से लिए जा रहे हैं तो सरकार को यह बताना चाहिए कि इस पूरी प्रणाली का कानूनी एवं वित्तीय आधार क्या है।

उन्होंने कहा कि 74वें संविधान संशोधन का उद्देश्य नगर निकायों को अधिक वित्तीय और प्रशासनिक स्वायत्तता प्रदान करना था, ताकि वे स्थानीय स्तर पर स्वतंत्र रूप से कार्य कर सकें। यदि नगर निगम की आय और संसाधनों पर सरकार का प्रत्यक्ष नियंत्रण बढ़ाया जा रहा है, तो यह स्थानीय स्वशासन की भावना के विपरीत है।

उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार ने पहले ही नगर निगम की आय के अनेक स्रोत सीमित कर दिए हैं। अब नई व्यवस्थाओं के माध्यम से जनता पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाला जा रहा है। भाजपा इस पूरे मामले में पूर्ण पारदर्शिता की मांग करती है तथा नगर निगम और राज्य सरकार से आग्रह करती है कि नई पोर्टल व्यवस्था, राजस्व प्रबंधन और धनराशि के उपयोग का विस्तृत विवरण सार्वजनिक किया जाए।

उन्होंने कहा कि भाजपा जनता के हितों से जुड़े इस मुद्दे को लगातार उठाती रहेगी और नगर निगम की वित्तीय स्वायत्तता तथा नागरिकों के अधिकारों से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं होने देगी।

व्हाट्सप्प आइकान को दबा कर इस खबर को शेयर जरूर करें

विज्ञापन बॉक्स (विज्ञापन देने के लिए संपर्क करें)


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे
Donate Now
               
हमारे  नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट , और सभी खबरें डाउनलोड करें
डाउनलोड करें

जवाब जरूर दे 

2027 में कौन होगा हिमाचल का मुख्य मंत्री

View Results

Loading ... Loading ...


Related Articles

Close
Facebook Instagram Twitter Youtube Whatsapp
Website Design By Mytesta.com +91 8809666000